Three Friends Arrested in Ayodhya Blind Murder Case
अयोध्या: बीकापुर कोतवाली क्षेत्र के विट्ठलपुर गांव के पास 14 मई को मिले युवक के शव मामले में पुलिस ने बड़ा खुलासा किया है। पुलिस जांच में सामने आया कि युवक की हत्या उसके ही तीन साथियों ने मिलकर की थी। मामले में तीनों आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया गया है।
बीकापुर कोतवाली पुलिस और अयोध्या की एसओजी टीम ने संयुक्त कार्रवाई करते हुए इस ब्लाइंड मर्डर केस का पर्दाफाश किया। ग्रामीण पुलिस अधीक्षक डॉ. बलवंत चौधरी ने प्रेस वार्ता में बताया कि मृतक की पहचान अभिषेक दुबे उर्फ रिंकी मिश्रा के रूप में हुई थी।
पुलिस के अनुसार अभिषेक किन्नर समुदाय से जुड़ा था और शादी-विवाह कार्यक्रमों में नेग मांगने का काम करता था। 10 मई को उसने बड़े स्तर पर अपना जन्मदिन मनाया था, जिसमें करीब 1000 लोग शामिल हुए थे।
जांच के दौरान पुलिस को पता चला कि साथ रहने वाले अंशु मौर्य, नताशा किन्नर और विजय ढोलकिया अभिषेक के बढ़ते प्रभाव और कारोबार से नाराज थे। इसी जलन में तीनों ने मिलकर अभिषेक के साथ मारपीट की और गंभीर हालत में उसे विट्ठलपुर गांव के पास छोड़कर फरार हो गए, जिससे उसकी मौत हो गई।
एसपी ग्रामीण ने बताया कि मामला पूरी तरह ब्लाइंड मर्डर था, इसलिए पुलिस और एसओजी टीम को लगातार चार दिन तक कड़ी मेहनत करनी पड़ी।
पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से मोबाइल फोन, कैंची, हत्या में इस्तेमाल सामान, एक कार, एक बाइक और 220 रुपये नगद बरामद किए हैं।
मामले के सफल खुलासे पर वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक डॉ. गौरव ग्रोवर ने बीकापुर पुलिस और एसओजी टीम को पुरस्कार देने की घोषणा की है।
