Hailstorm Devastates Crops in Betul, Farmers Demand Relief and Loan Extension
मध्यप्रदेश: के Betul जिले में बीते दिन आए तूफान और ओलावृष्टि ने किसानों की कमर तोड़ दी है। खासकर Aathner सहित कई इलाकों में तेज आंधी, बारिश और ओलों ने खेतों में खड़ी फसलों को पूरी तरह बर्बाद कर दिया।
खेतों से लेकर खलिहानों तक हर तरफ तबाही का मंजर है। किसान, जो पहले ही मक्का की फसल में कम उत्पादन और गिरते दामों से जूझ रहे थे, अब गेहूं की तैयार फसल के नुकसान से पूरी तरह टूट गए हैं। लगातार प्राकृतिक आपदाओं ने उनकी आर्थिक स्थिति को और कमजोर कर दिया है।
इस आपदा के बीच किसानों की मुश्किलें और बढ़ गई हैं। एक ओर फसलें नष्ट हो गई हैं, वहीं दूसरी ओर कर्ज अदायगी का दबाव भी बना हुआ है। खरीफ सीजन 2025 के कर्ज की अंतिम तिथि 28 मार्च होने के कारण कई किसान डिफॉल्टर की स्थिति में पहुंच गए हैं।
किसानों ने सरकार से मांग की है कि जल्द से जल्द फसल नुकसान का सर्वे कराया जाए और उचित मुआवजा दिया जाए। साथ ही ऋण अदायगी की अंतिम तिथि बढ़ाकर कम से कम 30 अप्रैल तक करने की मांग भी तेज हो गई है, ताकि संकट की इस घड़ी में उन्हें राहत मिल सके।
इस प्राकृतिक कहर ने एक बार फिर किसानों की जिंदगी में अनिश्चितता और चिंता बढ़ा दी है, जिससे सरकार के सामने राहत और सहायता को लेकर बड़ा सवाल खड़ा हो गया है।
