बैंकॉक। थाईलैंड के पर्यटन शहर पटाया में छुट्टियां मनाने पहुंचे तीन भारतीय नागरिक कथित अपहरण का शिकार हो गए। आरोप है कि भारतीय और पाकिस्तानी नागरिकों से जुड़े एक गिरोह ने उन्हें सस्ते टूर पैकेज का लालच देकर थाईलैंड बुलाया और बाद में बंधक बनाकर उनके परिवारों से ₹70 लाख की फिरौती मांगी।
स्थानीय मीडिया रिपोर्टों के अनुसार, थाई पुलिस ने सोमवार को कार्रवाई करते हुए तीनों भारतीयों को सुरक्षित मुक्त करा लिया। उन्हें पटाया के बैंग लमुंग इलाके स्थित एक दो मंजिला मकान से बरामद किया गया। पुलिस ने इस मामले में पांच भारतीय नागरिकों को गिरफ्तार किया है, जबकि एक संदिग्ध पाकिस्तानी नागरिक की तलाश जारी है।
गिरफ्तार आरोपियों की पहचान अवतार सिंह, जगजीत सिंह, रामबालक कुमार, सुखबीर सिंह और कुलरा सिंह के रूप में हुई है। पुलिस ने इन्हें बैंकॉक के ख्लोंग टैन क्षेत्र के एक होटल से गिरफ्तार किया, जहां से वे कथित तौर पर देश छोड़ने की तैयारी में थे।
जांच के मुताबिक, पीड़ितों को कम कीमत वाले सात दिन के टूर पैकेज का लालच देकर थाईलैंड बुलाया गया था। वहां पहुंचने के बाद उन्हें अगवा कर एक मकान में कई दिनों तक बंधक बनाकर रखा गया और उनके परिवारों से फिरौती की मांग की गई।
पुलिस के छापे के दौरान तीनों पीड़ित अलग-अलग कमरों में बंधे हुए मिले। उनके हाथ, पैर और मुंह बंधे थे। अधिकारियों ने उनके शरीर, विशेषकर टखनों पर चोट के निशान भी पाए। सभी को तत्काल अस्पताल ले जाकर उपचार कराया गया।
पीड़ितों ने पुलिस को बताया कि बंधक बनाए जाने के दौरान उनके साथ लगातार मारपीट की गई। उन्होंने आरोप लगाया कि उन्हें उल्टा लटकाकर पीटा गया, भोजन और शौचालय जैसी बुनियादी सुविधाओं से वंचित रखा गया तथा भारत में अपने परिजनों को फोन कर फिरौती की रकम मंगाने के लिए मजबूर किया गया।
थाई पुलिस मामले की विस्तृत जांच कर रही है और फरार आरोपी की तलाश जारी है। साथ ही यह भी पता लगाया जा रहा है कि इस गिरोह ने पहले भी इसी तरह की वारदातों को अंजाम दिया है या नहीं।
