नई दिल्ली: देश के कई हिस्सों में लगातार हो रही भारी बारिश ने जनजीवन को बुरी तरह प्रभावित कर दिया है। दिल्ली, महाराष्ट्र, गुजरात, उत्तराखंड, मध्य प्रदेश, केरल और हिमाचल प्रदेश समेत कई राज्यों में जलभराव, बाढ़, भूस्खलन और इमारतें गिरने जैसी घटनाएं सामने आई हैं। मौसम विभाग ने 17 राज्यों में भारी बारिश, तेज आंधी और तूफान का अलर्ट जारी किया है।
दिल्ली-एनसीआर में लगातार बारिश
दिल्ली-एनसीआर में मंगलवार से लगातार बारिश हो रही है, जिससे कई इलाकों में जलभराव और ट्रैफिक जाम की स्थिति बनी हुई है। प्रशासन राहत और जलनिकासी के कार्य में जुटा है, जबकि मौसम विभाग ने आने वाले दिनों में भी बारिश जारी रहने की संभावना जताई है।
महाराष्ट्र में बारिश से भारी नुकसान
महाराष्ट्र के रायगढ़ स्थित HPCL के पातालगंगा एलपीजी बॉटलिंग प्लांट में बाढ़ का पानी घुसने से बड़ी संख्या में एलपीजी सिलेंडर बह गए। अधिकारियों के अनुसार, प्लांट की दीवार टूटने के बाद पानी अंदर घुसा, जिससे हजारों सिलेंडर पातालगंगा नदी और खारपाड़ा क्रीक में बह गए।
वहीं, पिंपरी-चिंचवड़ में कचरे का बड़ा ढेर गिरने से एक तीन मंजिला इमारत ढह गई। आशंका है कि मलबे में कई लोग फंसे हुए हैं। राहत एवं बचाव दल मौके पर अभियान चला रहे हैं।
लगातार बारिश के कारण राज्य की कई नदियां उफान पर हैं। नासिक में गोदावरी नदी का जलस्तर बढ़ गया है, जबकि मुंबई में भारी बारिश से लोकल ट्रेन सेवाओं पर भी असर पड़ा है।
मध्य प्रदेश में नदी के तेज बहाव में बहा युवक
मध्य प्रदेश के कई जिलों में भारी बारिश के चलते नदियों का जलस्तर तेजी से बढ़ा है। खरगोन जिले में रूपारेल नदी के तेज बहाव में एक युवक बह गया। प्रशासन उसकी तलाश में राहत अभियान चला रहा है।
उत्तराखंड में भूस्खलन से मार्ग बाधित
उत्तराखंड में लगातार हो रही बारिश के कारण कई जगहों पर भूस्खलन की घटनाएं हुई हैं। उत्तरकाशी में यमुनोत्री राष्ट्रीय राजमार्ग और नालूपानी क्षेत्र में पहाड़ी दरकने से यातायात प्रभावित हुआ। टिहरी में राष्ट्रीय राजमार्ग-707A के किनारे भूस्खलन से एक मकान भी क्षतिग्रस्त हो गया।
गुजरात में बाढ़ जैसे हालात
गुजरात के सूरत में भारी बारिश के बाद कई इलाकों में बाढ़ जैसी स्थिति बन गई है। निचले क्षेत्रों में पानी भरने से हजारों लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया गया। राहत एजेंसियों के अनुसार, 3,400 से अधिक लोगों को बचाया गया, जबकि 3,800 से ज्यादा लोगों को एहतियातन दूसरे स्थानों पर शिफ्ट किया गया। लगातार बारिश के चलते जनजीवन अभी भी प्रभावित बना हुआ है।
