वॉशिंगटन। इजरायल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने कहा है कि यदि किसी देश ने इंटरनेशनल क्रिमिनल कोर्ट (ICC) के गिरफ्तारी वारंट के आधार पर उन्हें हिरासत में लेने की कोशिश की, तो इजरायल अपनी स्पेशल फोर्स की मदद से जवाबी कार्रवाई करेगा। उन्होंने यह बयान अमेरिका दौरे के दौरान एक टीवी इंटरव्यू में दिया।
जब नेतन्याहू से पूछा गया कि क्या उन्हें विदेश यात्रा के दौरान गिरफ्तारी का डर है, तो उन्होंने कहा कि वह इस संभावना के बारे में सोचते हैं, लेकिन इससे उनकी यात्राओं पर कोई असर नहीं पड़ेगा। उन्होंने कहा कि वह उन देशों में जाने से भी नहीं हिचकिचाते जो ICC के वारंट का समर्थन करते हैं।
इस दौरान नेतन्याहू ने न्यूयॉर्क सिटी की अपनी प्रस्तावित यात्रा की भी पुष्टि की और न्यूयॉर्क के मेयर जोहरान ममदानी की आलोचना की। ममदानी ने पहले संघीय अधिकारियों से ICC के वारंट के आधार पर नेतन्याहू के खिलाफ कार्रवाई की मांग करते हुए उन्हें “वॉर क्रिमिनल” बताया था।
नेतन्याहू ने पलटवार करते हुए कहा कि ममदानी नफरत फैलाने वाले निर्वाचित नेता हैं और वह न्यूयॉर्क में यहूदी समुदाय के खिलाफ माहौल बनाने की कोशिश कर रहे हैं। वहीं ममदानी का कहना है कि ICC का वारंट गाजा में इजरायल की सैन्य कार्रवाई को लेकर अंतरराष्ट्रीय चिंताओं को दर्शाता है। हालांकि उन्होंने यह भी माना कि नगर प्रशासन के पास ऐसे वारंट को लागू करने का अधिकार नहीं है।
उधर, अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने नेतन्याहू को भरोसा दिलाया है कि अमेरिका में उनकी गिरफ्तारी का कोई खतरा नहीं है।
गौरतलब है कि नवंबर 2024 में इंटरनेशनल क्रिमिनल कोर्ट (ICC) ने गाजा युद्ध के दौरान कथित युद्ध अपराधों और मानवता के खिलाफ अपराधों के आरोपों में नेतन्याहू के खिलाफ गिरफ्तारी वारंट जारी किया था। आरोपों में नागरिकों को निशाना बनाना, भुखमरी को युद्ध के हथियार के रूप में इस्तेमाल करना, हत्या और अमानवीय व्यवहार शामिल हैं। नेतन्याहू इन सभी आरोपों को लगातार खारिज करते हुए उन्हें राजनीतिक रूप से प्रेरित और इजरायल विरोधी बताते रहे हैं।
यह बयान व्हाइट हाउस में राष्ट्रपति ट्रम्प और नेतन्याहू के बीच करीब 90 मिनट तक चली बंद कमरे की बैठक के बाद सामने आया। दोनों नेताओं ने बैठक में ईरान, क्षेत्रीय सुरक्षा और परमाणु कार्यक्रम समेत कई रणनीतिक मुद्दों पर चर्चा की। व्हाइट हाउस ने इस मुलाकात को सकारात्मक और रचनात्मक बताया, जबकि नेतन्याहू ने इसे ट्रम्प के साथ अपनी अब तक की सबसे बेहतर बैठकों में से एक करार दिया।
