फतेहपुर। फतेहपुर जिले में कार्यरत ऑनलाइन फूड डिलीवरी कंपनी जोमैटो के डिलीवरी पार्टनर्स ने अपनी विभिन्न मांगों को लेकर कंपनी प्रबंधन के खिलाफ आवाज बुलंद की है। बढ़ती महंगाई, पेट्रोल-डीजल की कीमतों और वाहनों के रखरखाव पर बढ़ते खर्च का हवाला देते हुए डिलीवरी पार्टनर्स ने जोमैटो मैनेजमेंट (फतेहपुर) को एक ज्ञापन सौंपा और जल्द समाधान की मांग की।
डिलीवरी पार्टनर्स का कहना है कि वर्तमान भुगतान दरों पर काम करना अब आर्थिक रूप से संभव नहीं रह गया है। उनका कहना है कि लगातार बढ़ते खर्चों के बीच आय में कोई संतोषजनक बढ़ोतरी नहीं हुई है, जिससे रोजमर्रा का खर्च चलाना मुश्किल हो रहा है।
ज्ञापन में डिलीवरी पार्टनर्स ने कंपनी के सामने छह प्रमुख मांगें रखी हैं—
- प्रति किलोमीटर ₹15 का भुगतान: प्रत्येक ऑर्डर पर कम से कम ₹15 प्रति किलोमीटर की दर निर्धारित की जाए।
- नई भर्ती पर रोक: फिलहाल नए डिलीवरी पार्टनर्स की भर्ती बंद की जाए तथा पुराने पार्टनर्स की सहमति के बिना शहर में नई जॉइनिंग न की जाए।
- सटीक लोकेशन की सुविधा: ऐप पर सही लोकेशन दिखाई जाए और लोकेशन संबंधी किसी भी प्रकार की गड़बड़ी या हेराफेरी को रोका जाए।
- लॉन्ग डिस्टेंस ऑर्डर पर वापसी भत्ता: लंबी दूरी के ऑर्डर पूरे करने के बाद लौटने के लिए प्रति ऑर्डर ₹10 का अतिरिक्त भुगतान किया जाए।
- ब्लॉक आईडी दोबारा चालू की जाए: जिन डिलीवरी पार्टनर्स की आईडी किसी कारणवश बंद कर दी गई है, उन्हें पुनः सक्रिय किया जाए।
- रेस्टोरेंट में देरी पर मुआवजा: यदि किसी रेस्टोरेंट पर ऑर्डर तैयार होने में 20 मिनट से अधिक समय लगता है, तो संबंधित डिलीवरी पार्टनर को स्क्रैच कार्ड या अन्य उचित मुआवजा दिया जाए।
डिलीवरी पार्टनर्स ने कहा कि वे लंबे समय से इन समस्याओं का सामना कर रहे हैं और कई बार प्रबंधन का ध्यान भी इस ओर आकर्षित कर चुके हैं। उनका कहना है कि यदि उनकी मांगों पर जल्द सकारात्मक निर्णय नहीं लिया गया, तो वे आंदोलन को और तेज करने के लिए मजबूर होंगे।
फिलहाल इस ज्ञापन पर कंपनी प्रबंधन की ओर से कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है।
रिपोर्टर: रिजवान उददीन
स्थान: फतेहपुर
