Violent Workers’ Protest in Noida: 5 Vehicles Torched, Delhi Police on High Alert
नोएडा: Noida में वेतन बढ़ोतरी की मांग को लेकर शुरू हुआ श्रमिकों का प्रदर्शन सोमवार को अचानक हिंसक हो गया, जिसने कानून-व्यवस्था के लिए बड़ी चुनौती खड़ी कर दी। सुबह शांतिपूर्ण तरीके से शुरू हुआ विरोध प्रदर्शन दोपहर तक उग्र रूप ले चुका था।
प्रदर्शनकारियों ने गुस्से में आकर पुलिस की दो गाड़ियों समेत कुल पांच वाहनों को आग के हवाले कर दिया। कई इलाकों से पत्थरबाजी और तोड़फोड़ की भी खबरें सामने आई हैं। हालात बिगड़ते देख Delhi Police को भी हाई अलर्ट पर रखा गया है।
वेतन बढ़ाने की मांग बनी वजह
पुलिस सूत्रों के अनुसार, विभिन्न औद्योगिक इकाइयों के हजारों मजदूर लंबे समय से लंबित वेतन संशोधन की मांग को लेकर एकजुट हुए थे। शुरुआत में प्रदर्शन शांतिपूर्ण था, लेकिन धीरे-धीरे स्थिति नियंत्रण से बाहर हो गई। खासकर फेज-2 और सेक्टर-60 क्षेत्रों में आगजनी और पथराव की घटनाएं सामने आईं।
इस बीच Yogi Adityanath ने मामले का संज्ञान लेते हुए अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि श्रमिकों को सम्मानजनक वेतन, सुरक्षित कार्य वातावरण और उनकी समस्याओं का समय पर समाधान सुनिश्चित किया जाए।
दिल्ली बॉर्डर पर सख्त निगरानी
स्थिति को देखते हुए नोएडा और दिल्ली को जोड़ने वाले सभी प्रमुख मार्गों पर पुलिस बल तैनात कर दिया गया है। खासकर बॉर्डर इलाकों पर सख्त चेकिंग अभियान चलाया जा रहा है, ताकि किसी भी तरह की अप्रिय स्थिति को रोका जा सके।
पुलिस अधिकारियों के मुताबिक, सभी संवेदनशील स्थानों पर अतिरिक्त सुरक्षा बल तैनात किए गए हैं और हालात पर लगातार नजर रखी जा रही है। दिल्ली पुलिस ने साफ किया है कि किसी भी कीमत पर कानून-व्यवस्था बिगड़ने नहीं दी जाएगी।
बैरिकेडिंग और अतिरिक्त फोर्स तैनात
मुख्य बॉर्डर पॉइंट्स पर बैरिकेडिंग बढ़ा दी गई है। रैपिड रिस्पॉन्स टीमों और अर्धसैनिक बलों को भी तैनात किया गया है, ताकि किसी भी स्थिति से तुरंत निपटा जा सके। उत्तर प्रदेश पुलिस के साथ मिलकर पूरे इलाके में समन्वय के साथ काम किया जा रहा है।
ट्रैफिक जाम से जनजीवन प्रभावित
प्रदर्शन के चलते नोएडा के कई प्रमुख चौराहों पर लंबा ट्रैफिक जाम लग गया, जिसका असर दिल्ली तक देखने को मिला। सड़कों पर वाहनों की लंबी कतारें लग गईं, जिससे ऑफिस जाने वाले लोगों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ा।
कई जगहों पर लोग पैदल ही अपने गंतव्य तक पहुंचने को मजबूर दिखे। बताया जा रहा है कि प्रदर्शन में करीब 50 हजार श्रमिक शामिल हैं। वहीं, पुलिस और प्रशासन के अधिकारी लगातार प्रदर्शनकारियों से बातचीत कर स्थिति को शांत करने की कोशिश कर रहे हैं।
