दमोह। जिले के हिण्डोरिया थाना क्षेत्र से एक बेहद दर्दनाक मामला सामने आया है, जहां कीटनाशक दवा मिले गेहूं की दुर्गंध से एक ही परिवार के चार बच्चे गंभीर रूप से बीमार हो गए। इस घटना में 5 वर्षीय मासूम की मौत हो गई, जबकि तीन अन्य बच्चों का जिला अस्पताल में उपचार जारी है।
जानकारी के अनुसार, हिण्डोरिया थाना क्षेत्र के आनु गांव निवासी माखन प्रजापति के चार बच्चे—धर्मेंद्र (5 वर्ष), रीना (3 वर्ष), दिनेश (7 वर्ष) और दीपक (9 वर्ष)—अचानक गंभीर रूप से बीमार हो गए। परिजन उन्हें तत्काल जिला अस्पताल लेकर पहुंचे, जहां चिकित्सकों ने जांच के बाद 5 वर्षीय धर्मेंद्र को मृत घोषित कर दिया।
परिजनों ने बताया कि चारों बच्चे बुधवार रात घर के एक कमरे में सो रहे थे। उसी कमरे में कीटनाशक दवा युक्त गेहूं भी रखा हुआ था। आशंका जताई जा रही है कि गेहूं से निकलने वाली तेज दुर्गंध या जहरीले प्रभाव के कारण बच्चों की तबीयत बिगड़ गई।
सुबह जब परिजनों ने बच्चों को देखा तो वे अचेत अवस्था में मिले। इसके बाद उन्हें तत्काल उपचार के लिए जिला अस्पताल ले जाया गया।
जिला अस्पताल में डॉ. मधुर चौधरी, डॉ. ललिता, डॉ. राजेश नामदेव और डॉ. सुनील जैन सहित चिकित्सकों की टीम तीनों बच्चों का इलाज कर रही है। अस्पताल सूत्रों के अनुसार, बच्चों की हालत अभी भी गंभीर बनी हुई है और उन्हें लगातार निगरानी में रखा गया है।
घटना की सूचना मिलने के बाद पुलिस भी सक्रिय हो गई है। पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है और यह पता लगाने का प्रयास किया जा रहा है कि बच्चों की तबीयत बिगड़ने का वास्तविक कारण क्या था।
फिलहाल पूरे गांव में शोक का माहौल है। एक मासूम की मौत और तीन बच्चों की गंभीर हालत ने परिजनों को गहरे सदमे में डाल दिया है। पुलिस और स्वास्थ्य विभाग मामले के सभी पहलुओं की जांच कर रहे हैं।
