Starlink Fails in Iran, U.S. Digital Power Faces Setback
ईरान, इस्राइल और अमेरिका के बीच चल रहे तनाव के बीच एक अहम डिजिटल मोर्चा भी सामने आया है। पिछले करीब 35 दिनों से ईरान की जनता इंटरनेट ब्लैकआउट का सामना कर रही है, जिससे वे दुनिया से ऑनलाइन कटे हुए हैं। इस स्थिति को बदलने के लिए अमेरिका ने Starlink के जरिए इंटरनेट पहुंचाने की कोशिश की, लेकिन यह प्रयास सफल नहीं हो सका।
रिपोर्ट्स के मुताबिक, जैसे ही क्षेत्र में संघर्ष बढ़ा, ईरान में इंटरनेट सेवाओं को बड़े पैमाने पर सीमित कर दिया गया। इसके बाद कई लोगों ने Starlink के जरिए इंटरनेट से जुड़ने की कोशिश की। हालांकि, ईरानी खुफिया एजेंसियों ने ऐसे उपकरणों की पहचान करने, उन्हें जब्त करने और उपयोगकर्ताओं को गिरफ्तार करने की कार्रवाई तेज कर दी।
ध्यान देने वाली बात यह है कि ईरान में Starlink का उपयोग गैरकानूनी है, क्योंकि सरकार ने इसे आधिकारिक अनुमति नहीं दी है। Elon Musk की कंपनी ने ईरान के लिए अपनी सेवा मुफ्त कर दी थी, लेकिन इसके बावजूद इसका व्यापक उपयोग संभव नहीं हो पाया। कई लोग इराक के रास्ते चोरी-छुपे Starlink डिश मंगवा रहे हैं, लेकिन सख्त निगरानी के चलते यह प्रयास सीमित ही रह गया।
स्थिति और गंभीर तब हो गई जब ईरान ने Starlink को ‘वैध लक्ष्य’ घोषित कर दिया। इसका मतलब है कि अब इस सेवा से जुड़े ढांचे और संचालन को सीधे निशाना बनाया जा सकता है। साथ ही, ईरान ने यह भी संकेत दिया है कि वह क्षेत्र में मौजूद अमेरिकी कंपनियों को भी टार्गेट कर सकता है।
इन कंपनियों में Microsoft, Google, Apple, Intel, IBM, Tesla और Boeing जैसी बड़ी कंपनियां शामिल हैं।
कुल मिलाकर, ईरान में इंटरनेट पहुंचाने की अमेरिकी कोशिशें फिलहाल असफल होती नजर आ रही हैं, और यह डिजिटल संघर्ष अब और भी जटिल रूप लेता दिख रहा है।
