मेडिकल की पढ़ाई का सपना देख रहे NEET-UG 2026 अभ्यर्थियों के लिए बड़ी खबर है। मेडिकल काउंसलिंग कमेटी (MCC) ने एमबीबीएस और अन्य स्नातक मेडिकल पाठ्यक्रमों में दाखिले के लिए काउंसलिंग का विस्तृत शेड्यूल जारी कर दिया है। इसके अनुसार, ऑल इंडिया कोटा (AIQ) की पहले चरण की काउंसलिंग 4 अगस्त से शुरू होगी, जबकि 2026-27 का नया शैक्षणिक सत्र 8 सितंबर से शुरू किया जाएगा।
एमसीसी के मुताबिक, डीम्ड और केंद्रीय विश्वविद्यालयों के लिए पहले चरण की काउंसलिंग 4 अगस्त से 17 अगस्त तक चलेगी। इस चरण में सीट पाने वाले उम्मीदवारों को 22 अगस्त तक संबंधित संस्थान में रिपोर्ट कर प्रवेश प्रक्रिया पूरी करनी होगी।
इसके बाद दूसरे चरण की काउंसलिंग 24 अगस्त से 2 सितंबर तक आयोजित होगी, जबकि तीसरा चरण 10 सितंबर से 18 सितंबर तक चलेगा। वहीं, स्ट्रे वैकेंसी राउंड 28 सितंबर से 3 अक्टूबर तक होगा और इस राउंड के बाद प्रवेश लेने की अंतिम तिथि 10 अक्टूबर निर्धारित की गई है।
स्टेट कोटा सीटों के लिए पहले चरण की काउंसलिंग 13 अगस्त से 22 अगस्त तक होगी। इस राउंड में चयनित उम्मीदवारों को 28 अगस्त तक प्रवेश लेना होगा। दूसरा चरण 31 अगस्त से 8 सितंबर, तीसरा चरण 16 सितंबर से 26 सितंबर और स्ट्रे वैकेंसी राउंड 3 अक्टूबर से 5 अक्टूबर तक आयोजित किया जाएगा।
एमसीसी ने स्पष्ट किया है कि 8 सितंबर से देशभर के मेडिकल कॉलेजों में नया शैक्षणिक सत्र शुरू हो जाएगा। हालांकि, खाली बची सीटों को भरने के लिए बाद के काउंसलिंग राउंड तय कार्यक्रम के अनुसार जारी रहेंगे। सभी मेडिकल संस्थानों, राज्य काउंसलिंग प्राधिकरणों और संबंधित एजेंसियों को समय-सीमा का सख्ती से पालन करने के निर्देश दिए गए हैं। प्रक्रिया में देरी न हो, इसके लिए शनिवार, रविवार और राजपत्रित अवकाश को भी कार्य दिवस माना जाएगा।
इस वर्ष एमसीसी ने काउंसलिंग प्रक्रिया को अधिक पारदर्शी और छात्र-अनुकूल बनाने के लिए कई अहम बदलाव भी किए हैं। अपग्रेडेशन का विकल्प चुनने वाले उम्मीदवारों को अब केवल औपचारिकता पूरी करने के लिए कॉलेज में फिजिकल रिपोर्टिंग नहीं करनी होगी और उनकी सीट सिस्टम में सुरक्षित रहेगी। इसके अलावा, अभ्यर्थी अब एमसीसी पोर्टल के माध्यम से निर्धारित नियमों के तहत ऑनलाइन इस्तीफा (Online Resignation) भी दे सकेंगे, जिसके लिए कॉलेज जाने की जरूरत नहीं होगी।
वहीं, डीम्ड यूनिवर्सिटी में एनआरआई कोटा के तहत आवेदन करने वाले उम्मीदवार अब अपने आवश्यक दस्तावेज ऑनलाइन पोर्टल पर अपलोड कर सकेंगे। एमसीसी का कहना है कि इन बदलावों का उद्देश्य प्रवेश प्रक्रिया को अधिक सरल, पारदर्शी और छात्रों के लिए सुविधाजनक बनाना है।
