मुजफ्फरनगर: जनपद की पॉक्सो कोर्ट ने नाबालिग बेटी के साथ दुष्कर्म करने के मामले में आरोपी पिता को आजीवन कठोर कारावास की सजा सुनाई है। मामले की सुनवाई करते हुए पॉक्सो कोर्ट न्यायालय-2 की न्यायाधीश मंजुला भालोटिया ने आरोपी साबिर पुत्र चुनूं को दोषी करार देते हुए उम्रकैद तथा 53 हजार रुपये जुर्माने की सजा सुनाई।
यह मामला बुढ़ाना कोतवाली क्षेत्र का है। 15/12/2020 आरोपी के खिलाफ थाना बुढ़ाना पुलिस द्वारा प्राप्त तहरीर के आधार पर मु0अ0सं0- 527/2020 धारा- 376,323,506 भादवि व 5एन/6 पोक्सो अधिनियम पंजीकृत किया गया था।पुलिस ने तत्परता दिखाते हुए आरोपी को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया था।
मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने साक्ष्य एकत्र कर न्यायालय में मजबूत चार्जशीट दाखिल की।
सुनवाई के दौरान अभियोजन पक्ष ने पीड़िता के बयान, चिकित्सीय रिपोर्ट और अन्य साक्ष्यों के आधार पर आरोपी के खिलाफ आरोप सिद्ध किए। सभी तथ्यों और गवाहों को ध्यान में रखते हुए।आज दिनांक 21.05.2026 को न्यायालय अपर जिला एवं सत्र न्यायधीश/विशेष न्यायधीश(पॉक्सों एक्ट) कोर्ट नं0-1, मुजफ्फरनगर शमंजुला भालोटिया द्वारा आरोपी शाबिर को धारा 5एन/6 पोक्सो एक्ट व धारा 323,506 भादवि में आजीवन कारावास व 53,000/- रूपये के अर्थदण्ड से दण्डित किया गया।
न्यायालय के इस फैसले को महिला एवं बाल सुरक्षा की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। वहीं पुलिस अधिकारियों ने कहा कि महिलाओं और बच्चों के खिलाफ अपराध करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई लगातार जारी रहेगी।
प्रशासनिक अधिवक्ता राजीव कुमार ने बताया कि वर्ष 15/12/2020 में थाना बुढ़ाना में ये मामला पंजीकृत करा था साबिर द्वारा अपनी 17 साल की बेटी के साथ बलात्कार कारित करा था।
साक्ष्य संकलन के बाद चार्जशीट माननीय न्यायालय में प्रेषित की गई ये मामला पोस्को फास्ट जिसकी पीठासीन अधिकारी मंजुला भालोटिया जी जिसके यहां ये मामला विचाराधीन था आज इस मामले में माननीय न्यायालय द्वारा ये फैसला सुनाया गया अभियोग द्वारा कुल 5 गवाहों को न्यायालय के समक्ष प्रेषित कराया।
तथा सभी पुलिस प्रपत्रों को न्यायालय के समक्ष साबित कराया ओर आज सभी साक्षी पुलिस प्रपत्रों के आधार पर न्यायालय ने अपना फैसला सुनाया हे जिसमें अभियुक्त साबिर को जो बेटी का पिता हे उसे आजीवन कारावास तथा 53 हजार के जुर्माने से दंडित किया हे।इसमें हमारे लोक अभियोजक विक्रांत राठी ओर विनय अरोरा दोनों ने इस मामले की मजबूत पैरवी करते हुए इसे अंजाम तक पहुंचाया ये महिला संबंधी अपराध हमारे मुख्यमंत्री डीएम एसएसपी प्राथमिकता में रहते हे तथा इस तरह के मामलों में मॉनिटरिंग ह्म लोगों के द्वारा की जाती हे आज उसी क्रम में हम सजा कराने में कम्बयाब रहे।
