उत्तर प्रदेश के लखीमपुर खीरी में स्कूली बच्चों की सुरक्षा को लेकर जिला प्रशासन ने सख्त कदम उठाए हैं। अब जिले के सभी स्कूलों का 16 बिंदुओं की चेकलिस्ट के आधार पर सुरक्षा ऑडिट किया जाएगा। जिला प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि बच्चों की सुरक्षा में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
अटल सभागार में आयोजित बैठक में जिलाधिकारी अंजनी कुमार सिंह और पुलिस अधीक्षक डॉ. ख्याति गर्ग ने जिले के विभिन्न विद्यालयों के प्रबंधकों के साथ सुरक्षा व्यवस्था की समीक्षा की। बैठक में स्कूलों के लिए कई महत्वपूर्ण दिशा-निर्देश जारी किए गए।
प्रशासन के निर्देशों के अनुसार, स्कूलों में केवल एक मुख्य प्रवेश द्वार खुला रहेगा, जबकि अन्य गेट बंद रखे जाएंगे। स्कूल में आने वाले प्रत्येक आगंतुक का नाम, मोबाइल नंबर, पहचान पत्र और प्रवेश-निकास का समय दर्ज किया जाएगा। पिक एंड ड्रॉप व्यवस्था में आई-कार्ड या ओटीपी आधारित सत्यापन को भी अनिवार्य बनाने पर जोर दिया गया है।
स्कूलों की सुरक्षा व्यवस्था की जांच अब 16 बिंदुओं की चेकलिस्ट के आधार पर होगी। पुलिस के बीट कर्मियों को स्कूलों का नोडल अधिकारी बनाया जाएगा, जबकि प्रत्येक विद्यालय को भी अपना सुरक्षा नोडल अधिकारी नियुक्त करना होगा।
प्रशासन ने सीसीटीवी कैमरों की नियमित निगरानी, उनकी कार्यशीलता की जांच और दैनिक रिकॉर्ड रखने के निर्देश दिए हैं। कॉरिडोर, पार्किंग, खेल मैदान और कम दृश्यता वाले क्षेत्रों पर विशेष निगरानी रखी जाएगी।
इसके अलावा स्कूलों में कार्यरत शिक्षकों, संविदाकर्मियों, बस चालकों, परिचालकों, कैंटीन कर्मचारियों और सफाईकर्मियों का हर छह महीने में पुलिस सत्यापन कराया जाएगा। नौकरी छोड़ चुके कर्मचारियों का रिकॉर्ड भी सुरक्षित रखने के निर्देश दिए गए हैं।
आपातकालीन स्थिति से निपटने के लिए स्कूलों में पैनिक बटन और इमरजेंसी अलार्म सिस्टम स्थापित करने पर भी जोर दिया गया है। साथ ही समय-समय पर स्कूल बैग की आकस्मिक जांच की जाएगी और प्रतिबंधित वस्तुएं मिलने पर नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
बच्चों को सुरक्षा के प्रति जागरूक करने के लिए स्कूलों में गुड टच-बैड टच, पॉक्सो कानून और 1098, 112 तथा 1090 जैसे हेल्पलाइन नंबरों की जानकारी दी जाएगी। नियमित जागरूकता कार्यक्रम और मॉक ड्रिल आयोजित करने के भी निर्देश दिए गए हैं।
जिलाधिकारी ने सड़क सुरक्षा पर भी विशेष जोर देते हुए कहा कि बिना हेलमेट बच्चों को स्कूल छोड़ने आने वाले अभिभावकों को स्कूल गेट पर ही यातायात नियमों के प्रति जागरूक किया जाएगा, ताकि बच्चे भी अपने परिवार को यातायात नियमों का पालन करने के लिए प्रेरित कर सकें।
रिपोर्ट: अतीक शेख
स्थान: लखीमपुर खीरी
