बलरामपुर। उत्तर प्रदेश के बलरामपुर जिले के तुलसीपुर शिक्षा क्षेत्र स्थित प्राथमिक विद्यालय रजवापुर में शिक्षा व्यवस्था को लेकर गंभीर सवाल खड़े हुए हैं। ग्रामीणों ने आरोप लगाया है कि विद्यालय में तैनात शिक्षिका अक्सर अनुपस्थित रहती हैं, जिसके कारण बच्चों की पढ़ाई और विद्यालय की व्यवस्था रसोइयों के भरोसे चल रही है।
ग्रामीणों के अनुसार, शनिवार सुबह करीब 10:30 बजे विद्यालय का निरीक्षण किए जाने पर वहां शिक्षक मौजूद नहीं मिले। विद्यालय में केवल बच्चे और रसोइया ही मौजूद थे। स्थानीय लोगों का आरोप है कि यह स्थिति नई नहीं है और शिक्षिका अक्सर विद्यालय से अनुपस्थित रहती हैं। कुछ बच्चों ने भी दावा किया कि शिक्षिका कभी-कभार ही विद्यालय आती हैं।
ग्रामीणों का यह भी आरोप है कि शिक्षक की गैरमौजूदगी में बच्चों को सुबह करीब 10:30 बजे ही मध्याह्न भोजन वितरित कर दिया गया। भोजन के बाद कई बच्चे घर लौट गए, जिससे पढ़ाई प्रभावित हुई। साथ ही यह भी आरोप लगाया गया कि निर्धारित मेन्यू के अनुसार भोजन नहीं दिया जाता और फल तथा दूध भी नियमित रूप से उपलब्ध नहीं कराए जाते। कई दिनों तक केवल तहरी परोसे जाने की बात भी सामने आई है।
इसके अलावा ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर भी शिक्षिका विद्यालय नहीं पहुंचीं, जिसके चलते रसोइयों ने ही ध्वजारोहण किया। इस पूरे मामले को लेकर ग्रामीणों ने शिक्षा विभाग से जांच कर संबंधित जिम्मेदारों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है।
हालांकि, इन आरोपों पर संबंधित शिक्षिका या शिक्षा विभाग की ओर से अभी तक कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है। मामले की पुष्टि जांच के बाद ही हो सकेगी।
रिपोर्टर : विजयपाल सिंह
स्थान : तुलसीपुर, बलरामपुर
