गाजियाबाद (मोदीनगर): वर्ष 1990 के आरक्षण विरोधी आंदोलन में जान गंवाने वाले एमएम डिग्री कॉलेज के छात्रों युवराज सिंह और संजय कौशिक की पुण्यतिथि पर शनिवार को सैकड़ों छात्रों ने श्रद्धांजलि मार्च निकाला। इस दौरान छात्रों ने राज चौपला को शहीद स्थल घोषित करने की मांग दोहराते हुए प्रशासन को ज्ञापन सौंपा।
जानकारी के अनुसार, 26 सितंबर 1990 को आरक्षण विरोधी आंदोलन के दौरान पुलिस फायरिंग में एमएम डिग्री कॉलेज के छात्र युवराज सिंह और संजय कौशिक की मौत हो गई थी। तब से हर वर्ष छात्र उनकी स्मृति में जुलूस निकालते हैं और अपनी मांग प्रशासन के सामने रखते हैं।
शनिवार सुबह छात्र एमएम मोदी डिग्री कॉलेज परिसर में एकत्र हुए, जहां उन्होंने युवराज सिंह की प्रतिमा पर माल्यार्पण कर श्रद्धांजलि अर्पित की। इसके बाद जुलूस दिल्ली-मेरठ मार्ग से होते हुए गोविंदपुरी पहुंचा और संजय कौशिक की प्रतिमा पर पुष्प अर्पित किए गए।
जुलूस के कारण दिल्ली-मेरठ मार्ग पर कुछ समय के लिए यातायात प्रभावित रहा। वहीं, मोदीनगर के कई बाजार और दुकानें भी बंद रहीं।
छात्रों का कहना है कि राज चौपला को शहीद स्थल घोषित करने की मांग लंबे समय से की जा रही है, लेकिन अब तक इस दिशा में कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया। उनका आरोप है कि हर साल ज्ञापन देने के बाद केवल आश्वासन मिलता है, लेकिन मांग पूरी नहीं होती।
इस अवसर पर शहीद संजय कौशिक के भाई प्रमोद कौशिक भी मौजूद रहे। वहीं, छात्र नेता रहे योगेश तिवारी ने कहा कि हर वर्ष काला दिवस मनाया जाता है, लेकिन आज तक शहीदों को उनका उचित सम्मान नहीं मिल सका।
शहीद युवराज सिंह के छोटे भाई ने बताया कि युवराज वर्ष 1990 में बीएससी द्वितीय वर्ष के छात्र थे। उन्होंने कहा कि परिवार और छात्र हर साल उनकी स्मृति में श्रद्धांजलि अर्पित करने पहुंचते हैं और सरकार से शहीदों के सम्मान में स्थायी स्मारक बनाने की मांग करते हैं।
स्थान: मोदीनगर, गाजियाबाद
