फतेहपुर। उत्तर प्रदेश के फतेहपुर जिले में फर्जी दिव्यांग प्रमाण पत्र बनवाकर सरकारी योजनाओं का लाभ लेने के मामले में पुलिस ने आरोपी सुमित सिंह को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया, जहां से उसे न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया।
पुलिस के अनुसार, जांच में सामने आया है कि आरोपी पर फर्जी दिव्यांग प्रमाण पत्र तैयार कर सरकारी पेंशन और अन्य योजनाओं का लाभ लेने का आरोप है। जांच एजेंसियां यह भी पड़ताल कर रही हैं कि क्या इस मामले में उसके परिवार या अन्य लोगों के नाम पर भी फर्जी दस्तावेज तैयार किए गए थे।
प्रारंभिक जांच में लाखों रुपये के सरकारी धन के दुरुपयोग की आशंका जताई जा रही है। पुलिस का कहना है कि मेडिकल परीक्षण और दस्तावेजों के सत्यापन के दौरान मामले में कई महत्वपूर्ण तथ्य सामने आए हैं। हालांकि, पूरे वित्तीय नुकसान और अन्य आरोपियों की भूमिका की पुष्टि जांच पूरी होने के बाद ही होगी।
पुलिस अब संबंधित विभागों के रिकॉर्ड खंगाल रही है और यह पता लगाने का प्रयास कर रही है कि इस कथित फर्जीवाड़े में और कौन-कौन लोग शामिल थे। अधिकारियों के अनुसार, जांच के आधार पर आगे भी कार्रवाई की जाएगी।
पुलिस ने यह भी बताया कि आरोपी सुमित सिंह के खिलाफ पहले से भी ठगी और अन्य मामलों में कार्रवाई हो चुकी है। फिलहाल इस प्रकरण में जांच जारी है और पुलिस सभी पहलुओं की पड़ताल कर रही है।
रिपोर्टर : रिजवान उददीन
स्थान : फतेहपुर (उत्तर प्रदेश)
