Trump Administration’s Decision Puts Indian Professionals at Risk
अमेरिका में ट्रंप प्रशासन के एक फैसले ने H-1B वीजा पर काम कर रहे हजारों भारतीय प्रोफेशनल्स की मुश्किलें बढ़ा दी हैं। वीजा स्टैम्पिंग इंटरव्यू में भारी देरी के चलते कई भारतीय नागरिक अमेरिका में अपनी नौकरी और परिवार से दूर रहने को मजबूर हो गए हैं। इमिग्रेशन विशेषज्ञों के अनुसार, भारत स्थित अमेरिकी दूतावासों में H-1B वीजा इंटरव्यू अब 2027 तक के लिए टल चुके हैं।
यह स्थिति दिसंबर 2025 में लिए गए एक अचानक फैसले के बाद उत्पन्न हुई, जिसके चलते अमेरिकी दूतावासों में इंटरव्यू का बैकलॉग तेजी से बढ़ गया। पहले दिसंबर 2025 में तय इंटरव्यू मार्च 2026, फिर अक्टूबर 2026 और अब 2027 तक के लिए आगे बढ़ा दिए गए हैं। इसके कारण वीजा स्टैम्पिंग के लिए भारत आए कई प्रोफेशनल्स यहीं फंसे हुए हैं।
भारत आने के बाद अमेरिका लौटना हुआ मुश्किल
इमिग्रेशन एक्सपर्ट का कहना है कि हालात जल्द सुधरने के संकेत नहीं हैं। विशेषज्ञ अमेरिका में मौजूद H-1B कर्मचारियों को सलाह दे रहे हैं कि वे वीजा स्टैम्पिंग के लिए भारत की यात्रा न करें, क्योंकि इंटरव्यू की तारीखें लगातार आगे बढ़ रही हैं।
ह्यूस्टन स्थित एक इमिग्रेशन फर्म की पार्टनर एमिली न्यूमैन ने बताया कि पिछले करीब 50 दिनों में भारत के लिए किसी भी नए H-1B वीजा इंटरव्यू स्लॉट के खुलने की जानकारी नहीं मिली है। उन्होंने कहा कि अमेरिका में रह रहे H-1B प्रोफेशनल्स को फिलहाल भारत में अपॉइंटमेंट लेने की कोशिश भी नहीं करनी चाहिए।
न्यूमैन के अनुसार, मौजूदा प्रशासन के तहत वीजा प्रक्रिया पहले की तुलना में कहीं अधिक सख्त हो गई है और अधिकारियों की ओर से मामलों को खारिज करने की प्रवृत्ति बढ़ी है, जो बाइडन प्रशासन के समय की नीति से अलग है।
इंटरव्यू में देरी की वजह
भारत स्थित अमेरिकी दूतावासों—दिल्ली, मुंबई, चेन्नई, हैदराबाद और कोलकाता—में नियमित वीजा इंटरव्यू स्लॉट फिलहाल उपलब्ध नहीं हैं। इसी वजह से पहले से तय अपॉइंटमेंट्स को 2027 तक रीशेड्यूल किया जा रहा है।
रिपोर्ट के मुताबिक, 15 दिसंबर 2025 से लागू एक नई नीति के तहत रोजगार आधारित वीजा आवेदकों के लिए सोशल मीडिया स्क्रीनिंग अनिवार्य कर दी गई है। इस अतिरिक्त जांच प्रक्रिया के कारण वीजा प्रोसेसिंग में ज्यादा समय लग रहा है, जिससे रोजाना होने वाले इंटरव्यू की संख्या में भारी कमी आई है और बैकलॉग लगातार बढ़ता जा रहा है।
