Indirapuram Extension Project: Flats & Plots to Become Costlier After Supreme Court Order
गाजियाबाद: इंदिरापुरम विस्तार योजना को लेकर आए सुप्रीम कोर्ट के ताजा फैसले के बाद अब यहां फ्लैट और प्लॉट खरीदना महंगा होने जा रहा है। अदालत ने गाजियाबाद विकास प्राधिकरण (GDA) को किसानों को बढ़ी हुई दर पर मुआवजा देने का निर्देश दिया है, जिससे प्राधिकरण पर करीब 500 करोड़ रुपये का अतिरिक्त वित्तीय बोझ पड़ गया है।
अब मुआवजा वर्ष 2014 की दरों के बजाय वर्ष 2020 के सर्किल रेट के आधार पर दिया जाएगा। पहले जहां जीडीए लगभग 345 करोड़ रुपये देने की तैयारी में था, वहीं नई गणना के बाद मुआवजा राशि में बड़ी बढ़ोतरी हो गई है।
150 से अधिक आवंटियों को भेजे जाएंगे नोटिस
बढ़ी हुई लागत की भरपाई के लिए जीडीए योजना के तहत 150 से ज्यादा आवंटियों को नोटिस जारी करेगा। इसका सीधा असर फ्लैट और प्लॉट खरीदारों पर पड़ेगा, क्योंकि अतिरिक्त खर्च अंततः उनसे ही वसूला जाएगा। इससे हाईराइज सोसायटियों और रिहायशी प्लॉट की कीमतों में बढ़ोतरी तय मानी जा रही है।
अधिग्रहण बरकरार, किसानों को आर्थिक राहत
कनावनी गांव की जमीन को लेकर लंबे समय से कानूनी विवाद चल रहा था। किसानों ने अधिग्रहण रद्द करने की मांग की थी, लेकिन सुप्रीम कोर्ट ने इसे खारिज कर दिया। हालांकि, किसानों को राहत देते हुए अदालत ने मुआवजा 2020 के सर्किल रेट के अनुसार देने का आदेश दिया, जिससे उन्हें वर्तमान बाजार मूल्य के करीब भुगतान मिलेगा।
अवैध निर्माणों पर कार्रवाई संभव
विवादित क्षेत्र में पिछले वर्षों में कई बैंक्विट हॉल, दुकानें और मकान बन चुके हैं। कोर्ट ने जीडीए को मुआवजा वितरण के बाद जमीन का भौतिक कब्जा लेने का निर्देश दिया है, जिसके चलते अवैध निर्माणों पर कार्रवाई की संभावना बढ़ गई है। प्रशासन के लिए यह कानून-व्यवस्था की चुनौती भी बन सकता है।
6 महीने में पूरी करनी होगी प्रक्रिया
सुप्रीम कोर्ट ने जीडीए को छह महीने के भीतर पूरी प्रक्रिया पूरी करने का निर्देश दिया है। इसमें संशोधित मुआवजा वितरण, जमीन का कब्जा लेना, अवैध निर्माण हटाना और आगे की विकास योजना लागू करना शामिल है।
योजना को मिली मंजूरी, लेकिन बढ़ेगी प्रॉपर्टी कीमत
इंदिरापुरम विस्तार योजना के तहत कनावनी क्षेत्र में नई आवासीय और व्यावसायिक परियोजनाएं विकसित की जाएंगी। योजना का रास्ता अब साफ हो गया है, लेकिन बढ़ी हुई लागत के कारण आने वाले समय में यहां फ्लैट और प्लॉट की कीमतें पहले से काफी ज्यादा हो सकती हैं।
